
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने मंत्रिमंडल की बैठक बजट सत्र के बीच बुला ली है।वह 21 मार्च को अपना चौथा बजट विधानसभा में पेश करेंगे और सोमवार 23 मार्च को सुबह साढ़े 10 बजे कैबिनेट की बैठक राज्य सचिवालय में बुलाई गई है।सोमवार को विधानसभा की कार्यवाही दोपहर बाद दो बजे शुरू होगी।इससे पहले कैबिनेट में बड़े फैसले हो सकते हैं।राज्य सरकार अपने खर्च कम करने की दिशा में भी कड़े कदम उठा सकती है,21 मार्च को अपने बजट भाषण में भी कुछ वित्तीय घोषणाएं मुख्यमंत्री करेंगे।राज्य का पिछला बजट टैक्स फ्री रहा था,लेकिन राजस्व घाटा अनुदान बंद होने के बाद अब सरकार को कुछ नए कदम उठाने होंगे।हर साल करीब 8000 करोड़ का गैप अपने राजस्व के जरिए भरना है।ऐसे में बजट के एक दिन बाद होने वाली इस कैबिनेट बैठक में भी कुछ कड़े फैसले लिए जा सकते हैं।अभी तक कुछ कांग्रेस नेताओं का मुख्यमंत्री ने कैबिनेट रैंक का दर्जा वापस लिया है।निगम बोर्ड में हुई नियुक्तियों में वेतन भी 20 फ़ीसदी डैफर कर दिया गया है,लेकिन आशंका ऐसी है कि कुछ और भी फैसले अभी होंगे।इसका संकेत दो दिन पहले मुख्यमंत्री खुद दे चुके हैं।उन्होंने कहा था कि इस प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए कुछ कड़े फैसलों के लिए भी तैयार रहना होगा।ऐसे फैसलों के लिए बजट ही मौका होता है।फिलहाल सामान्य प्रशासन विभाग की ओर से कैबिनेट का नोटिस होने के बाद प्रशासनिक सचिवों को एजेंडा नोट तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
