
हिमाचल प्रदेश के रामपुर से सटे कुल्लू जिले के निरमंड ब्लॉक के जगातखाना में शनिवार शाम बादल फटने से नाले में बाढ़ आ गई।

बाढ़ के साथ आए मलबे में सड़क किनारे खड़े करीब 15 वाहन बहकर सतलुज नदी में पहुंच गए।

रामपुर उपमंडल में कई जगह ओलावृष्टि भी हुई।इससे सेब की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है।

अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी ज्योति राणा ने बताया कि बादल फटने की घटना कुल्लू जिले के तहत हुई है।रामपुर में भारी बारिश के कारण तीन सड़कें अवरुद्ध हुई थीं।

देर रात तक तीनों सड़कों को बहाल कर दिया था।उधर चंबा के पांगी और भरमौर की चोटियों सहित रोहतांग में बर्फबारी हुई है।राजधानी शिमला, कुल्लू,लाहौल,चंबा और धर्मशाला में बादल बरसे।मैदानी जिलों में धूप खिली रही।ऊना में अधिकतम तापमान फिर 39.2 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया है।कोकसर घाटी समेत बंजार और आनी में भी बारिश हुई है।इससे रबी की फसल की कटाई के साथ लहसुन निकालने का काम प्रभावित हुआ।कांगड़ा में दोपहर बाद लगभग तीन बजे धर्मशाला, देहरा,पालमपुर सहित अन्य स्थानों पर तेज बारिश शुरू हुई।मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने रविवार को आठ जिलों शिमला,सोलन,सिरमौर,मंडी,कुल्लू,चंबा,किन्नौर और लाहौल स्पीति में बारिश और अंधड़ के आसार जताए हैं,28 मई तक इन क्षेत्रों में मौसम खराब रहने की संभावना है।मैदानी जिलों ऊना,बिलासपुर,हमीरपुर और कांगड़ा में मौसम साफ रहेगा।

