Shimla:हिमाचल विधानसभा में सोमवर को नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने बजट भाषण पर चर्चा शुरू की।इस दौरान उन्होंने कांग्रेस सरकार पर बदले की भावना से काम करने का आरोप लगाया और कहा कि जिस तरह से सत्ता में आते ही संस्थान डीनोटिफाई किए गए,उससे प्रदेश की राजनीति में गलत परंपरा स्थापित होगी।नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि मौजूदा सरकार की कर्ज लेने की रफ्तार पिछली सरकार से अढ़ाई गुणा अधिक है।उन्होंने कहा कि जिस रफ्तार से कांग्रेस सरकार कर्ज ले रही है,उससे लोन का आंकड़ा सालाना 9900 करोड़ रुपए से अधिक होगा। उन्होंने कहा कि पूर्व सरकार ने औसतन सालाना 4 हजार करोड़ रुपए का कर्ज ही लिया।जयराम ठाकुर ने कहा कि हिमाचल को पड़ोसी राज्य पंजाब व उत्तराखंड के मुकाबले केंद्र से कहीं अधिक रैवेन्यू डिफेसिट ग्रांट यानी आर.एफ.जी. मिलती है,लेकिन बजट में कांग्रेस सरकार ने केंद्र के प्रति आभार का कोई शब्द नहीं कहा।नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि इस बजट में विभिन्न सैक्टर्स के लिए धन का प्रावधान पूर्व सरकार के मुकाबले कोई खास नहीं है।उन्होंने शिक्षा का उदाहरण दिया और कहा कि उनकी सरकार के समय शिक्षा विभाग के लिए 8412 करोड़ रुपए का बजट था।इस सरकार ने शिक्षा के लिए 8828 करोड़ रुपए रखे हैं।ये कोई खास बढ़ौतरी नहीं है।इसी प्रकार जयराम ठाकुर ने बजट में सबसिडी के लिए कम प्रावधान करने की बात कही।उन्होंने कहा कि पूर्व में उनकी सरकार के समय सबसिडी के लिए 1256 करोड़ रुपए की रकम रखी गई थी,लेकिन इस सरकार के समय 1244 करोड़ का प्रावधान है। जयराम ठाकुर ने विधायक क्षेत्रीय विकास निधि की बकाया 50 लाख की किस्त को भी जारी करने के लिए कहा।
