
जनवादी महिला समिति शिमला जिला कमेटी ने कैप्टन लक्ष्मी सहगल का स्मृति दिवस मनाया।जिसमे शिमला के विभिन्न स्थानों से महिलाओ ने बड़ चढ़ कर हिस्सा लिया।इसमें स्वतंत्रता की लड़ाई में भाग लेने वाली वीरांगनाओं की जीवन शैली की प्रदर्शनी भी लगाई गई।साथ ही उनकी बायोग्राफी पर पर शॉर्ट मूवी भी दिखाई गई।मूवी का विवरण राज्य अध्यक्ष रीना सिंह तंवर ने किया।साथ ही महिला समिति की भी बात रखी।

सेमिनार का उद्घाटन महिला समिति की राज्य सचिव ने किया।उन्होंने अपनी बात रखते हुए महिलाओ को क्रांति की राह दिखाई।और उन्हें बढ़ती मंहगाई,नशा,बेरोजगारी जैसी कुरीतियों के खिलाफ आवाज उठाने को प्रेरित किया।साथ ही जिला सचिव सोनिया शब्रवाल ने सेमिनार को संबोधित करते हुए कहा की आज महिलाओ की स्तिथि बद से बदतर होती जा रही है।जहा रसोई गैस से लेकर दाल,सब्जी तेल आदि के दाम इतने बड़ गए है की उन्हें अपना परिवार का भरण पोषण करना मुश्किल हो गया है।आजादी मिलने के बाद भी महिलाए आज अपने आप को आजाद मानने को तैयार नही है।कार्यक्रम के अंत में जिला कोषाध्यक्ष ने कहा की मणिपुर में चल रही हिंसा ये साबित करती है।की डबल इंजन की सरकार में महिलाएं कहां तक सुरक्षित है।वहां चल रही हिंसा ज्यादा महिलाओ पर असर डाल रही है।इसलिए महिला समिति आने वाली 25 जुलाई को मणिपुर में जारी हिंसा के खिलाफ प्रदर्शन करने जा रही है।आने वाले समय में महिलाओ पर होने वाली हिंसा के खिलाफ महिला समिति इसी तरह सेमिनार का आयोजन करती रहेगी।और इन महिला विरोधी नीतियों के खिलाफ आंदोलन करती रहेगी।
