
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने प्रदेश में लॉटरी सिस्टम बहाल करने की सुक्खू सरकार की योजना को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है।उन्होंने कहा कि इस फैसले से देवभूमि के लोगों के घर बर्बाद होंगे।पूर्व भाजपा सरकार ने लॉटरी इसलिए बंद की थी,क्योंकि इससे लोगों को जमीनें और जेवर तक बेचने पड़ गए थे।उन्होंने इसे चिट्टे जैसी नशे की लत करार देते हुए आरोप लगाया कि यह फैसला प्रदेश हित में नहीं,बल्कि मुख्यमंत्री की ‘मित्र मंडली’को फायदा पहुंचाने के लिए लिया जा रहा है।उन्होंने चेतावनी दी कि भाजपा सरकार बनते ही इसकी जांच होगी और इसे तुरंत बंद किया जाएगा।सरकार को लॉटरी लाने के बजाय नशे के खात्मे पर ध्यान देना चाहिए।

चंद करोड़ के लिए 70 लाख लोगों के भविष्य से खिलवाड़ स्वीकार नहीं:डा.राजीव बिंदल/भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डा.राजीव बिंदल ने 26 साल बाद हिमाचल में लॉटरी व्यवस्था दोबारा शुरू करने की सुक्खू सरकार की तैयारी का विरोध किया है।उन्होंने कहा कि 26 वर्ष पूर्व प्रो.प्रेम कुमार धूमल की सरकार ने इसके गंभीर सामाजिक दुष्परिणामों को देखते हुए इसे बंद किया था,डा. बिंदल ने कहा कि लॉटरी युवाओं में बिना मेहनत रातों-रात अमीर बनने और जुए की मानसिकता को बढ़ावा देगी।उन्होंने सरकार को चेताया कि अपनी आर्थिक नाकामियों की भरपाई के लिए जनता को लॉटरी की लत में धकेलना धोखा है।सरकार को चंद करोड़ के लिए प्रदेश के 70 लाख लोगों के भविष्य से खेलने के बजाय उद्योग व पर्यटन से राजस्व बढ़ाना चाहिए।

