हिमाचल प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के चौथे दिन आऊटसोर्स भर्तियों के मुद्दे पर सदन का माहौल पूरी तरह गरमा गया।सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच हुई तीखी नोकझोंक के बाद भाजपा विधायकों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सदन से वॉकआऊट कर दिया।विपक्ष ने सरकार पर आऊटसोर्स भर्तियों में जमकर भाई-भतीजावाद करने और चहेतों को लाभ पहुंचाने के गंभीर आरोप लगाए हैं।सदन की कार्यवाही के दौरान यह विवाद तब शुरू हुआ, जब भाजपा विधायक विक्रम सिंह ठाकुर ने अपने विधानसभा क्षेत्र में आऊटसोर्स भर्तियों को लेकर सवाल उठाए।उन्होंने आरोप लगाया कि इन भर्तियों में भारी भेदभाव किया जा रहा है और केवल चहेतों को नौकरियां बांटी जा रही हैं।विक्रम ठाकुर के इस आरोप के बाद सत्ता पक्ष और विपक्ष के विधायक आमने-सामने आ गए,जिससे सदन में भारी हंगामा खड़ा हो गया।

कांग्रेस नेताओं के रिश्तेदारों के नाम पर पंजीकृत हैं कंपनियां:जयराम ठाकुर:सदन से वॉकआऊट करने के बाद नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने बाहर मीडिया से बातचीत में सरकार पर तीखा हमला बोला।उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में आऊटसोर्स एजैंसियां और कंपनियां सीधे तौर पर कांग्रेस नेताओं के रिश्तेदारों के नाम पर पंजीकृत की गई हैं।इन्हीं कंपनियों के जरिए धड़ल्ले से भाई-भतीजावाद के आधार पर नौकरियां बांटी जा रही हैं।जयराम ठाकुर ने यह भी दावा किया कि खुद उद्योग मंत्री ने अपने चुनाव क्षेत्र में 600 लोगों को नौकरी देने की बात स्वीकार की है,जो इस भाई-भतीजावाद का स्पष्ट प्रमाण है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *