
पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने मंडी में चुनाव प्रचार के दौरान मुख्यमंत्री द्वारा पार्षदों के लिए 50-50 लाख रुपए देने की घोषणा को आदर्श चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन करार दिया है।उन्होंने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि प्रचार अभियान के दौरान कांग्रेस पार्षदों की जीत के बदले बजट का लालच देना न केवल असंवैधानिक है,बल्कि यह मुख्यमंत्री की विवेकहीन और द्वेषपूर्ण सोच को भी दर्शाता है।उन्होंने कहा कि मंडी में आकर मुख्यमंत्री ने राजनीतिक लाभ के लिए प्रचार अभियान में पैसे बांटने का लालच दिया,लेकिन जनता समझ चुकी है कि कांग्रेस पार्टी के झांसे में नहीं आना है।कांग्रेस हमेशा चुनाव जीतने के लिए झूठी गारंटियों का सहारा लेती है और अब इनके मंसूबे पूरे नहीं होने वाले हैं।जयराम ठाकुर ने स्पष्ट किया कि अर्बन चैलेंज योजना के तहत विकास के लिए पैसा केंद्र सरकार द्वारा प्रदान किया जाता है,ऐसे में राज्य सरकार इस धन को अपना बताकर जनता पर झूठा एहसान जताने की कोशिश न करे।उन्होंने मंडी के विकास कार्यों में भेदभाव का आरोप लगाते हुए सरकार से जवाब मांगा कि जब मंडी से एक हजार करोड़ रुपए के प्रोजैक्ट केंद्र को भेजे गए थे तो सुक्खू सरकार ने केवल 180 करोड़ रुपए के प्रोजैक्ट्स को ही स्वीकृति क्यों दी।पूर्व मुख्यमंत्री ने तंज कसते हुए कहा कि मुख्यमंत्री का मंडी में स्वागत है लेकिन उन्हें यहां आकर झूठ बोलने के बजाय यह बताना चाहिए कि बीते साढ़े तीन सालों में उन्होंने इस क्षेत्र को आखिर क्या दिया है।
