
पूर्व मुख्यमंत्री एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री शांता कुमार ने कसोल रेव पार्टी मामले में हिमाचल हाईकोर्ट के सख्त रुख का स्वागत करते हुए कहा कि नशे के बढ़ते प्रकोप पर सरकार को गंभीरता से काम करना होगा।उन्होंने मामले में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ निष्पक्ष और कड़ी कार्रवाई की मांग की।शांता कुमार ने कहा कि हाईकोर्ट ने कुल्लू के उपायुक्त,पुलिस अधीक्षक और एसडीएम की कार्यप्रणाली पर कड़ा संज्ञान लेते हुए उन्हें बदलने के निर्देश दिए हैं,जो इस मामले की गंभीरता को दर्शाता है।

उन्होंने आरोप लगाया कि कसोल में आयोजित रेव पार्टी में खुलेआम नशे का सेवन हुआ और एक विदेशी नागरिक की मौत तक हो गई,लेकिन संबंधित अधिकारियों ने समय रहते प्रभावी कार्रवाई नहीं की।उन्होंने कहा कि रेव पार्टी के टिकट खुलेआम बेचे जा रहे थे,इसके बावजूद प्रशासन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।उन्होंने हाईकोर्ट द्वारा डीआईजी की अध्यक्षता में जांच समिति गठित करने और एफआईआर दर्ज करने के निर्देशों का भी स्वागत किया।शांता कुमार ने कहा कि प्रदेश में नशे का बढ़ता प्रकोप नई पीढ़ी के भविष्य के लिए गंभीर खतरा बनता जा रहा है।उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार हाईकोर्ट के निर्देशों के बावजूद संबंधित अधिकारियों को बचाने का प्रयास कर रही है।उन्होंने सरकार से मांग की है कि मामले में दोषी अधिकारियों के खिलाफ निष्पक्ष और सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए,ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
